सोमवार, 19 जुलाई 2010

ई मेल में तस्वीर

ई मेल में तस्वीर

पहले की बात और थी

हुआ करते थें

जब तुम्हारे तस्वीर दिल

रख याद करते थे

दिल से

दिल में दर्द लिए

गुजरता था वो पल सबका

हालात अपनी बदल दी

तस्वीर निकाल कर

ई मेल में रख दी।

अब

तुम्हे याद करने के लिए

जाने पड़ते है इंटरनेट कैफे


2 टिप्‍पणियां:

काजल कुमार Kajal Kumar ने कहा…

वाह, सुंदर.

mai... ratnakar ने कहा…

bahut khoob, technology can go up to any height or extant , but it never can be a substitute of human feelings. nice and touchy writting of you.
your lines reminds me one old sher

judai pee gayee, biwee ke rukhsaron kee shadabee
liye khushhalee jab tak mai samandar paar se aaya

it means----seperation took away all the glow of my beloved's face,,,,,, by the time i came back from long distances passage (passage to earn money)